मैरीकॉम को वर्ल्‍ड चैंपियनशिप में चुने जाने पर विवाद, युवा बॉक्‍सर ने लगाए गंभीर आरोप

116

छह बार की विश्व चैम्पियन एमसी मैरीकॉम और लवलीना बोरगोहेन को हालिया प्रदर्शन के आधार पर आगामी महिला विश्व मुक्केबाजी चैम्पियनशिप के लिए चुना गया है लेकिन इस फैसले से पूर्व जूनियर विश्व चैम्पियन निकहत जरीन काफी खफा हैं. 36 वर्ष की मैरीकॉम इस साल इंडिया ओपन और हाल में इंडोनेशिया में हुए टूर्नामेंट में दो स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं, उन्हें 51 किग्रा वर्ग में चुना गया है. विश्व और एशियाई कांस्य पदकधारी लवलीना 69 किग्रा वर्ग में भाग लेंगी.

निकहत का शामिल होने से रोकने का आरोप
निकहत (23 वर्ष) ने हाल में थाईलैंड टूर्नामेंट में रजत पदक जीता था और वह 51 किग्रा के ट्रायल में मेरीकॉम को चुनौती देने की उम्मीद लगाए थी. इस हैदराबादी मुक्केबाज ने भारतीय मुक्केबाजी महासंघ को लिखे पत्र में आरोप लगाया कि उन्हें मंगलवार को वनलाल दुआती के खिलाफ ट्रायल बाउट में ‘भाग लेने से रोका’ गया और ऐसा मुख्य चयनकर्ता राजेश भंडारी ने किया.

सबसे सलाह के बाद मैरीकॉम को चुना
भंडारी ने हालांकि स्वीकार किया कि मैरीकॉम को चुनने का फैसला बीएफआई के शीर्ष अधिकारियों के साथ सलाह मशविरा करने के कुछ दिन पहले लिया गया था. विश्व चैम्पियनशिप रूस में तीन से 13 अक्टूबर तक खेली जायेगी. भंडारी ने पीटीआई से कहा, ‘हमें मैरीकॉम के कोच (छोटेलाल यादव) का प्रस्तुतिकरण मिला और इस पर विचार करने के बाद हमें महसूस हुआ कि मैरीकॉम ने ट्रायल के बिना चुने जाने के लिए काफी कुछ किया है. बीएफआई से इस मुद्दे पर सलाह ली गयी थी.’

मैरीकॉम सबसे बेहतर
उन्होंने कहा, ‘मैरीकॉम ने इंडिया ओपन के सेमीफाइनल में निकहत को हराया था और राष्ट्रीय शिविर में भी वह लगातार अन्य मुक्केबाजों से बेहतर रही हैं. निकहत भी एक शानदार मुक्केबाज है और आने वाले समय में उसे भी मौका मिलेगा. लेकिन इस समय यह फैसला पूरी तरह से प्रदर्शन और अनुभव के आधार पर लिया गया है.’

निकहत हैरान और निराश
निकहत ने अपने पत्र में लिखा कि ये सब काफी निराशाजनक है और इससे वह हैरान है. विश्व युवा चैम्पियनशिप की पूर्व रजत पदक विजेता और एशियाई कांस्य पदकधारी निकहत ने लिखा, ‘बहुत हैरानी और निराशा की बात है कि चयन समिति के चेयरमैन राजेश भंडारी ने मुकाबला शुरू होने से पहले ही मुझे सूचित किया कि बाउट आज नहीं होगी और यह सुनिश्चित करने के लिये कुछ अंदरूनी बातचीत चल रही कि मुझे भविष्य के लिये रखा जा रहा है और मुझे इतनी कम उम्र में नहीं उतारा जायेगा.’

सबके लिए बराबर हो नियम
निकहत ने बीएफआई से ट्रायल कराने की मांग की जो अन्य वर्गों में गुरूवार तक कराये जायेंगे. उन्होंने कहा, ‘मैं सिर्फ अनुरोध कर रही हूं कि आपके नेतृत्व में सभी मुक्केबाजों के लिये ट्रायल में पारदर्शिता बरती जाये. अगर एक नियम है तो वह हम सभी के लिये है तो यह सभी के लिये एक जैसा होना चाहिए भले ही किसी विशेष मुक्केबाज का स्तर कुछ भी हो.’

मेडल जीतने पर फोकस
भंडारी ने कहा कि भारत की पदक संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए मेरीकॉम को चुनने का फैसला किया गया है. वह इस टूर्नामेंट की महान मुक्केबाज हैं और आठ बार में से छह स्वर्ण और एक रजत पदक जीत चुकी हैं. उन्होंने कहा, ‘हम भारत की पदक संभावनाओं को प्राथमिकता देना चाहते हैं और हम सभी का यही मानना है कि इस समय इस वर्ग में मैरीकॉम हमारी मजबूत दावेदार हैं.’

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here